
आयकर विभाग समेत कई सरकारी वेबसाइटों में हैकर्स लगा सकते हैं सेंध
चीन की साइबर सेंधमारी के बाद भी केन्द्र और राज्य सरकारों में साइबर गोपनीयता को लेकर संवेदनशीलता देखने को नहीं मिल रही है। सरकारी विभागों में गोपनीयता पैमानों के बावजूद इंटरनेट के जरिए साइबर सेंधमार इन गोपनीयताओं को भंग कर रहे हैं। विभागों को अंदाजा भी नहीं है और उनका सरकारी गोपनीय रिकॉर्ड, डाटा हैकर्स के लिए खुला पड़ा है। पत्रिका स्पॉट लाइट और एथिकल हैकर्स की टीम ने साइबर सुरक्षा के हालात और यथास्थिति का खुलासा करने के लिए हाल ही पड़ताल शुरू की। पड़ताल में भारत सरकार के आयकर विभाग के अलावा राजस्थान व मध्य प्रदेश की आधा दर्जन से ज्यादा सरकारी वेबसाइटें असुरक्षित मिलीं। यहां तक कि इन दोनों राज्यों की पुलिस की वेबसाइटों में भी आसानी से सेंधमारी की जा सकती है।
राजस्थान सरकार के सचिवालय की वेबसाइट को भी असुरक्षित पाया गया। सचिवालय की वेबसाइट में कमियों का फायदा उठा कर साइबर क्रिमिनल सचिवालय के ऑनलाइन गोपनीय दस्तावेज, कंप्यूटर्स में सुरक्षित फाइलें, सरकार की गोपनीय जानकारियां आसानी से चुरा सकते हैं। साथ ही विभिन्न विभागों, सचिवों, उच्च अधिकारियों के ऑर्डर, सर्कुलर, नोटिफिकेशन और संशोधन संबंधी जरूरी दस्तावेज में हैकिंग के जरिए ही छेड़छाड़ की जा सकती है, उन्हें बदला जा सकता है। वेबसाइट को डिफेस (बंद) भी किया जा सकता है। सचिवालय के अलावा राज्य सरकार के राजस्थान कृषि विपणन बोर्ड, जयपुर विकास प्राधिकरण, महिला एवं बाल विकास विभाग, राजस्थान पुलिस, कार्मिक विभाग, जिला सूचना तंत्र, वित्त विभाग, उद्योग विभाग की वेबसाइटों को भी एथिकल हैकर्स ने असुरक्षित पाया। मध्य प्रदेश पुलिस और संभागीय जनसम्पर्क कार्यालय, इंदौर की वेबसाइटें भी इस पड़ताल में असुरक्षित मिली।
(इस एक्सक्लूसिव पड़ताल को विस्तार से पढऩे के लिए चित्र पर क्लिक करें)
4 Comments
~*~ जन्मदिवस की हार्दिक बधाई !~*~
~*~ हार्दिक शुभकामनाएं !~*~
दिलचस्प पोस्ट है , आभार !
आपकी कुछ अन्य पोस्ट्स भी देखी है अभी , जो रुचिकर लगी ।
शुभकामनाओं सहित
- राजेन्द्र स्वर्णकार
kaafi din vyastata me bite.... net aur blogging se door rahaa. aab aap se va anya mitro se mulakat bhi hoogi, aur kucha kaam bhi hooga....